निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना 2021 झारखण्ड Form

निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना 2021 झारखण्ड Nirman Shramik Durghatna/Mrityu Anudan Yojana

निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना | nirman shramik durghatna/mrityu anudan yojana 2021 | nirman shramik durghatna/mrityu anudan yojana online apply | निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना पंजीयन प्रक्रिया क्या है | nirman shramik durghatna/mrityu anudan yojana offline registration | निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना के बारे में जानकारी | nirman shramik durghatna/mrityu anudan yojana in hindi |

Nirman Shramik Durghatna/Mrityu Anudan Yojana-इस पोस्ट के माध्यम से आप जान सकते है की झारखण्ड सरकार की और से बहुत सी योजनाओं को सुरु किया गया है जो श्रमिकों के लाभ के लिए सुरु की गई है उन्ही योजनाओं की सूचि में से ये एक योजना है इस निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना के तहत श्रमिक किसी दुर्घटना का शिकार होकर मृत्यु के मुह में चला जाता है या फिरि दुर्घटना के कारण विकलांग हो जाता है तो उसे हर 1 लाख रूपये से लेकर 5 लाख रूपये तक की अनुदान राशि दी जायेगी इस निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना का लाभ वही श्रमिक लोग ले पायेगे

निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना | nirman shramik durghatna/mrityu anudan yojana 2021 | nirman shramik durghatna/mrityu anudan yojana online apply | निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना पंजीयन प्रक्रिया क्या है | nirman shramik durghatna/mrityu anudan yojana offline registration | निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना के बारे में जानकारी | nirman shramik durghatna/mrityu anudan yojana in hindi |

जिनकी आयु 18 साल से लेकर 60 साल के बीच में है श्रमिक की यदि मृत्यु हो जाती है तो उसके बाद उस पर आश्रित सदस्य लोग इस निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना का लाभ लेने के लिए आवेदन कर सकते है उन्हें इस अनुदान राशि को मुहहिया करवा दिया जाएगा श्रमिक और उसके परिवार को सामाजिक सुरक्षा प्रदान करना इस योजना का मुख्य लक्ष्य है ताकि किसी भी श्रमिक की मृत्यु के बाद उस पर आश्रित परिवार को प्रेशान्यों से न लड़ना पड़े निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना के लाभ लेने के इन्छुक श्रमिकों को या फिर उस पर आश्रित व्यक्ति या महिला को पंजीयन फॉर्म भरवाना होगा

निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना (Nirman Shramik Durghatna/Mrityu Anudan Yojana) के बारे मे जानकारी:-

झारखण्ड राज्य के ऐसे श्रमिक लोग जिनकी आयु 18 साल से लेकर के 60 साल के बीच में है जो गरीबी रेखा से निचे अपना जीवन यापन करते है ऐसे श्रमिकों की यदि किसी दुर्घटना में मृत्यु हो जाती है तो परिवार को अपनी आजीविका चलाने के लिए श्रम समाधान विभाग झारखण्ड सरकार की और से 5 लाख रूपये तक की आर्थिक सहायता राशि मुहहिया करवाई जाती है इस राशि को श्रमिक पर आश्रित परिवार का कोई सदस्य ही आवेदन कर सकता है श्रमिक की मृत्यु के 1 महीने के बाद तक इस Nirman Shramik Durghatna/Mrityu Anudan Yojana का लाभ लेने के लिए आवेदन किया जा सकता है यदि श्रमिक की मृत्यु सामान्य रूप से होती है

तो उसके परिवार को 1 लाख रूपये की राशि दी जाती है इसके अलावा यदि श्रमिक किसी लड़ाई झगड़े में मृत्यु को प्राप्त हो जाता है या फिर आत्महत्या कर लेता है तो उसे इस निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना में शामिल नही किया जाएगा और न ही इस स्कीम के जरिये मिलने वाली अनुदान राशि मुहहिया करवाई जायेगी अगर योजना का लाभ लेने वाला श्रमिक पर आश्रित नही है तो उसको इस योजना का लाभ नही दिया जाएगा और मृत्यु जिस श्रमिक की हुई है वो यदि श्रम समाधान विभाग जह्र्खंड सरकार के कार्यालय में पंजीकृत नही है तो भी उसकी मृत्यु के बाद आश्रित सदस्य को अनुदान राशि नही दी जायेगी

निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना के लाभ लेने के इन्छुक सदस्य को बता दे की इस योजना के आवेदन फॉर्म हमेशां खुले रहते है सिलिये कभी भी (श्रमिक की मृत्यु के लगभग एक से तीन महीने तक) योजना में आवेदन किया जा सकता है और इसके आवेदन की विधि काफी सरल है बार बार आश्रित सदस्यों को कार्यालय में नही जाना पड़ेगा पहले इस निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना का लाभ लेने के लिए श्रमिक की मृत्यु के बाद परिवार के आश्रित सदस्य को कार्यालय में जाना पड़ता था जिसके चलते काफी ज्यादा समय बर्बाद हो जाता था मगर अब एसा नही होने वाला है

योजना के बारे में कुछ महत्वपूर्ण जानकारी:-

योजना का नामनिर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना
राज्यझारखण्ड राज्य में सुरु की है
ऑफिसियल वेबसाइटhttps://shramadhan.jharkhand.gov.in/schemmeDetailsShow.action
मिलने वाली सहायता राशि1 लाख रूपये से लेकर 5 लाख रूपये तक की राशि
योजना को किसके द्वारा सुरु किया गया है श्रम समाधान विभाग झारखण्ड सरकार की और से
योजना किसके लिए लागू हुई हैपंजीकृत श्रमिक और उस पर आश्रित सदस्य के लिए

निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना का मुख्य अभिप्राय क्या है?

जिन श्रमिकों की मृत्यु 18 साल से 60 साल के बीच किसी दुर्घटना में हो जाती है या फिर दुर्घटना में अपंगता के शिकार हो जाते है उसके बाद श्रमिक की मृत्यु के बाद उस पर आश्रित सदस्यों को अपना जीवन जीने में काफी मुस्किल हो जाता है क्योंकि श्रमिक की वजह से उनके घर का खर्चा चल पाता है ऐसे में यदि उसकी मृत्यु हो जाए तो बहुत बड़ी समस्या जन्म ले लेती है झारखण्ड राज्य में बहुत से श्रमिक परिवार ऐसे है जो परिवार के मुखिया पर निर्भर रहते है

ऐसे श्रमिक परिवार के सदस्यों को अब इस निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना के तहत श्रमिक की मृत्यु के बाद 5 लाख रूपये तक की अनुदान राशि दी जाती है यदि श्रमिक किसी दघर्टना में अपने शरीर के किसी एक अंग खो खो देता है या फिर पूरा शरीर अपंगता का शिकार हो जाता है तो उसे 2 से 3 लाख रूपये की अनुदान राशि मुहहिय करवाई जाती है

श्रमिक और आश्रित सदस्य को दी जाने वाली अनुदान राशि के बारे में:-

श्रमिक की मृत्यु सामान्य रूप से होने पर 1 लाख रूपये की अनुदान राशिआश्रित सदस्य को दी जाती है
अगर किसी दुर्घटना की वजह से श्रमिक की मृत्यु हो जाती है तो5 लाख रूपये की राशी श्रमिक के परिवार के सदस्य को दी जाती है
श्रमिक अगर दुर्घटना में आंशिक रूप से अपंग हो जाए तो2 लाख रूपये की राशि दी जायेगी स्वयं को
दुर्घटना में पूर्ण रूप से अपंग हो जाए तो3 लाख रूपये की राशि दी जायेगी

निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना की मुख्य पात्रता:-

इस निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना के लाभ के लिए जो जो पात्रता निर्धारित की गई है उनके बारे में जानकारी कुछ इस प्रकार से है

  • जो श्रमिक बताई गई दुर्घटना की वजह से मृत्यु या फिर अपंगता का शिकार होते है तो ही आश्रित सदस्य या फिर स्वयं को अनुदान राशि दी जायेगी
  • कामगार श्रमिक निर्माण कार्य से जुड़ा हुआ होना चाहिए तथा पंजीकृत होना जरूरी है
  • मृत्यु के बाद परिवार का कोई आश्रित सदस्य ही इस निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना का लाभ ले पायेगा
  • यदि श्रमिक का परिवार किसी अन्य योजना का लाभ ले चूका है तो भी उसे इस योजना का लाभ दिया जा सकता है
  • मृत्यु को प्राप्त या फिर दुर्घटना में विकलांग हुए श्रमिक की आयु 18 साल से 60 साल के बीच की होनी चाहिए
  • श्रमिक यदि आत्महत्या करता है तो परिवार को लाभ नही मिलेगा

निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना के लाभ के बारे में:-

  • इस योजना में श्रमिक की मृत्यु हो जाने पर आश्रित सदस्यों को 1 लाख रूपये से लेकर 5 लाख रूपये तक की राशि दी जाती है
  • श्रमिक यदि दुर्घटना की वजह से विकलांग हो जाए तो उसे 2 लाख से 3 लाख रूपये तक की राशि दी जायेगी
  • परिवार श्रम समाधान विभाग के कार्यालय में जाकर के योजना का लाभ लेने के लिए आवेदन कर सकता है
  • श्रमिक के परिवार को अपना जीवन श्रमिक की मृत्यु हो जाने पर थोडा आसानी से गुजारने के लिए वित्तीय सहायता राशि अनुदान राशि के रूप में प्रदान करना मुख्य उदेश्य है

दस्तावेज कोन कोनसे है?

  • आधार कार्ड आश्रित सदस्य का
  • श्रमिक का मृत्यु प्रमाण पत्र
  • विकलांग श्रमिक का आधार कार्ड
  • विकलांगता प्रमाण पत्र डोक्टर की और से जारी किया हुआ
  • लाभ लेने वाले सदस्य की फोटो
  • श्रमिक का मृत्यु प्रमाण पत्र
  • लाभार्थी का बैंक खाता संख्या
  • आयु प्रमाण पत्र
  • राशन कार्ड
  • श्रमिक का लेबर कार्ड

निर्माण श्रमिक दुर्घटना/मृत्यु अनुदान योजना के रजिस्ट्रेशन के बारे में:-

इस योजना के बारे में अधिक जानकारी के लिए आप इसकी आधिकारिक वेबसाइट पर भी जा सकते है और इसके लाभ के लिए आप श्रम समाधान विभाग के कार्यालय में जाकर के आवेदन कर सकते है इसके लिए आपको उपर दिए गये दस्तावेजों की आवश्यकता पड़ने वाली है

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *